Voice President Election: सीपी राधाकृष्णन होंगे देश के अगले उपराष्ट्रपति, सुदर्शन रेड्डी को मिली 152 वोटों से हार
एनडीए के उम्मीदवार सीपी राधाकृष्णन भारत के अगले उपराष्ट्रपति के रूप में चुन लिया गया है. इस चुनाव में एनडीए उम्मीदवार सीपी राधाकृष्णन को कुल 452 वोट मिले वहीं सुदर्शन रेड्डी को कुल 300 वोट मिले इस चुनाव में सीपी राधाकृष्णन ने 152 वोट से जीत दर्ज कर लिया है. इस चुनाव में 788 लोगों को वोट देने का अधिकार दिया गाया था, जिसमें 781 लोगों ने हिस्सा लिया. इस चुनाव में लगभग 98% लोगों ने वोट दिया. एनडीए के उम्मीदवार सीपी राधाकृष्णन देश के नए उपराष्ट्रपति बन गए हैं. आज हुए मतदान में एनडीए के उम्मीदवार सीपी राधाकृष्णन को बड़ी जीत मिली है.
चुनाव हारने के बाद बी सुदर्शन रेड्डी ने कहा "मैं नवनिर्वाचित उपराष्ट्रपति सीपी राधाकृष्णन को उवके कार्यकाल की शुरुआत के लिए शुभकामनाएं देता हूं. हालांकि परिणाम मेर पक्ष में नहीं रहा है, फिर भी वैचारिक लड़ाई और अधिक जोश से काम जारी रहेगा" देश के प्रधानमंत्री मोदी जी ने सबसे पहले मतदान किया. मोदी ने अपने तमाम मंत्रियों के साथ वोट दिए. शुरुआत में रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह, कांग्रेस संसदीय दल के प्रमुख सोनिया गांधी, लोकसभा के नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी, कानून मंत्री अर्जुन मेघवाल, राज्यपाल के उपसभापति हारिवंश, पूर्व प्रधानमंत्री एच डी देवेगौड़ा, समाजवादी पार्टी के नेता राम गोपाल यादव, काग्रेस महासचिव जयराम रमेश और सैयद मासिर हुसैन शामिल थे.
देश के पूर्व प्रधानमंत्री 92 वर्षीय एच डी देवेगौड़ा व्हीलचेयर पर मतदान केंद्र पहुंचे थे. केंद्रिय मंत्री नितिन गड़करी और कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे हाथों हाथ डाले मतदान केंद्र जाते पहुंचे. समाजवदी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव, कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी, राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी(एसपी) क प्रमुख शरद पवार, एआईएमआईएम के नेता असद्ददुदीन ओवैसी और कई अन्य नेता शामिल रहे.
महाराष्ट्र के मौजूदा राज्यपाल पीसी साधाकृष्णन को बीजेपी की संसदीय बैठक में उप राष्ट्रपति के दावेदार के रुप में चुन लिया है. पीसी साधाकृष्णन तमिलनाडू के रहने वाले हैं. वर्तममान में वे महाराष्ट्र के राज्यपाल के रूप में कार्य कर रहे हैं. इससे पहले वे झारखंड राज्य के राज्यपल भी रह चुके हैं. 31 जुलाई 2024 से अब तक वे महाराष्ट्र के राज्यपाल के पद पर है वहीं 18 फरवरी 2023 से 30 जुलाई 2024 कर झारखंड के राज्यपाल रहे.
पीसी साधाकृष्णन 2003 से 2006 तक तमिलनाडू बीजेपी के अध्यक्ष भी रहे. तमिलनाडू बीजेपी के अध्यक्ष रहने के दौरान उन्होंने बडे-बडे काम किए. जब उनकी उम्र मात्र 19 साल की थी तभी वे RSS के खेमे में चले गए थे. पीसी साधाकृष्णन 1973 में RSS ज्वाईन कर लिए थे और 1974 में ही उनको तमिलनाडू राज्य कार्यकारिणी का सदस्य बना दिया गया.

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